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Archive for the ‘Issue’ Category

  • टैनिंग से छुटकारा और ऐसे पाएं दमकती त्वचा

    on Jun 12, 17 • in Daily_News, Health, Issue, National • with No Comments

    गर्मियां बढ़ती जा रही हैं और ऐसे में चेहरे को चमकदार बनाए रखने के लिए त्वचा में नमी बनाए रखना और उसका पोषण बेहद जरूरी है. घर पर बने खीरे का पैक, टमाटर का रस, हल्दी, बेसन, दही और नींबू के रस से बना फेसपैक आपकी त्वचा में निखार और चमक बनाए रखने के लिए सबसे उपयुक्त है. ब्लॉसम कोचर समूह की अध्यक्ष ब्लॉसम कोचर ने नियमित तौर पर की जाने वाली चेहरे की देखभाल से संबंधित आसानी से तैयार हो जाने वाले घरेलू पैक के साथ ही चेहरे की सफाई, टोनिंग और मॉइश्चराइजिंग पर

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  • सरसों का तेल है दिल के लिए काफी फायदेमंद

    on Jun 12, 17 • in Daily_News, Health, Issue, National • with No Comments

    स्वाद से तीखे सरसों के तेल में लगभग 60 फीसदी मोनोसैचुरेटेड वसा अम्ल यानी एमयूएफए, 21 फीसदी पॉलीअनसेचुरेटेड वसा यानी पीयूएफए और लगभग 12 फीसदी संतृप्त वसा होती है. वेंकटेश्वर अस्पताल की रीति कपूर के अनुसार “स्वास्थ्यवर्धक वसा कहलाने वाले उच्चस्तरीय एमयूएफए और पीयूएफए अच्छे कोलेस्ट्रॉल को सुधारने के साथ ही हृदय के स्वास्थ्य और निम्न बुरे कोलेस्ट्रॉल को भी ठीक स्तर पर बनाए रखता है.” इसके अलावा इसमें 1:2 आदर्श अनुपात में छह फीसदी ओमेगा-3 वसा अम्ल (एन-3) और 15 फीसदी ओमेगा-6 (एन-6) सहित दो आवश्यक वसा अम्ल होते हैं. ये हृदय के लिए

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  • रोबोट करता है ट्यूमर निकालने का काम…

    on Jun 12, 17 • in Daily_News, Issue, National • with No Comments

    अगर कोई व्यक्ति मुंह, गले या गर्दन के कैंसर से जूझ रहा है और कीमोथेरेपी और रेडिएशन से उपचार कराना नहीं चाहता तो उनके लिए भारत में भी रोबोटिक सर्जरी की सहायता से ट्यूमर निकालने की नई तकनीक मौजूद है और डॉक्टरों के मुताबिक यह अपेक्षाकृत कम दर्द वाली है. इस तकनीक से मुंह गले या गर्दन के कैंसर से पीड़ित किसी व्यक्ति के मुंह को काटा नहीं जाता बल्कि रोबोट की सहायता से ट्यूमर को निकाला जाता है.दरअसल, इस तकनीक में एक रोबोट और उसकी कई बाहें होती है जिसमें से एक पर कैमरा

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  • कर्ली और सूखे बालों से हैं परेशान तो आज़माएं फ्रूट रीबॉण्डिंग

    on May 25, 17 • in Daily_News, Health, Issue, National • with No Comments

    हमारी  रोजमर्रा की भागदौड़ भरी जीवनशैली में बालों की सही देखभाल हो पाना ज़रा मुश्किल है। और वहीं अगर बाल कर्ली और फ्रिजी हों तो इन्हें मैनेज करना और भी कठिन हो जाता है। घबराने की जरूरत नहीं है जी हैं ककी हम आपकी इस समस्या के लिए आपको बताने जा रहे हैं इसके ट्रीटमेंट के बारे में आपको आपके बालों को लेकर चिंतित होने की कोई जरूरत नहीं है और  इसीलिए हम आपको बताने जा रहे हैं फ्रूट रिबॉन्डिंग के बारे में जी हाँ  फ्रूट रीबॉण्डिंग एक ऐसा ट्रीटमेंट है, जो इस परेशानी को

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  • घरेलू हिंसा की चपेट में आधी आबादी : हर चौथी महिला घर में हिंसा की शिकार होती है हिन्दुस्तान में

    on May 20, 17 • in Human Rights, Issue, Magazine Issues • with No Comments

    domestic violence

    हम खूब महिला दिवस मना लें, लेकिन सच तो यही है कि हिन्दुस्तान में महिलाएं न घर से बाहर सुरक्षित हैं, न घर में सर्व-म्मानित. हाल ही में  परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण के नतीजे जारी किए गए हैं. इन नतीजों में तमाम मानक तो यही कहानी पेश कर रहे हैं. यह सर्वेक्षण खुद भारत सरकार पूरे देश में करवाती है. पिछला सर्वेक्षण (तीसरा) 10 साल पहले 2006 में आया था, 2016 में इसके 17 राज्यों के परिणाम ही जारी किए गए थे, अब यूपी को छोडक़र लगभग सभी राज्यों के परिणाम आ गए हैं. इससे पूरे

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  • India gets the first feel of Trump’s America First

    on May 20, 17 • in Issue, Magazine Issues • with No Comments

    donald trump and narendra modi

    Prime Minister Narendra Modi happens to be only the second world leader with whom US President Donald Trump spoke with after the inaugural on January 20. The conversation took place on January 24, two days after Trump spoke with Israeli Prime Minister Benjamin Netanyahu. Presumably, a long ‘waiting list’ lies on Trump’s table. At any rate, do not feel flattered. The White House readout of the conversation with PM Modi makes sombre reading. The purple prose characteristic of the halcyon days under the last two US presidencies is absent. The readout is completely devoid of

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  • Viable Alternative to the Death Penalty

    on May 20, 17 • in Issue, Magazine Issues • with No Comments

    Since the Supreme Court upheld the death sentence to the four remaining convicts in the Delhi bus rape of December 16, 2012, there have been two categories of extreme reaction from the public – one is the cheerleading of the death penalty, and the other is disgust that such a punishment continues to exist. Among those who believe the death penalty is wrong, there are three kinds – those who take issue with the arbitrariness with which a crime is deemed “rarest of rare”, those who worry about the innocent being punished with death, and

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  • Understanding Delhi gang rape verdict

    on May 19, 17 • in Issue, Magazine Issues • with No Comments

    Delhi Gang Rape

    On May 5, a packed courtroom broke into applause as a three-judge bench of the Supreme Court confirmed the death sentence to four convicts in the December 2012 Delhi gang rape case. A room otherwise attuned to the sound of dispassionate arguments heard a scream from someone in the crowd demanding castration of the condemned men, echoing the public mobilisation around the case as well as the near governing influence of public opinion on the verdict. Indeed, in their concurring opinions, Justice Dipak Misra – writing for himself and Justice Ashok Bhushan – and Justice

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  • कर्णन प्रकरण के क्या हैं मानें

    on May 19, 17 • in Issue, Magazine Issues • with No Comments

    supreme court

    जस्टिस सी. एस. कर्णन का प्रकरण दुर्भाग्यपूर्ण है। वह कोलकता हाई कोर्ट में कार्यरत हैं और अभी अपने पद पर आसीन हैं। सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें अपनी अवमानना का दोषी माना है और इसके लिए उन्हें छह महीने की कैद की सजा सुनाई है। भारतीय न्याय-व्यवस्था में ऐसा पहले कभी नहीं हुआ जब किसी कार्यरत न्यायमूर्ति को जेल की सजा हुई हो। यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति बनाम न्यायिक तंत्र तक सीमित नहीं है। हाई कोर्ट का जस्टिस एक संवैधानिक पद है। उसे हटाने या दंडित करने का तरीका वही हो सकता है, जो किसी

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  • कोकाकोला का निवेश तरक्की का या बरबादी का

    on Apr 19, 17 • in Issue, Magazine Issues • with No Comments

    coca cola

    जल संसाधनों, वन और भूमिगत जलस्रोतों का विनाश या नदियों को प्रदूषित करके गरीब लोगों को पानी के अधिकार से वंचित करना आंतकवाद की श्रेणी में आता है। यह खेल मध्य प्रदेश में खेला जा रहा है। आज जब पूरे देश में जल संकट है। तरक्की का ढांचा बहुराष्ट्रीय कंपनियां तय कर रही हैं। और ये सिलसिला पूरे जोर-शोर से जारी है। अमेरिकी बहुराष्ट्रीय कंपनी कोका कोला ने अब मध्य प्रदेश में एक नया ठिकाना ढूंढ़ निकाला है। आखिर निवेश कौन नहीं चाहेगा। कौन नहीं चाहता कि राज्य फले-फूले, विकास हो, रोजगार बढ़े समृद्धि आए

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